अति में ऑ ईश्वर में बैर सुनिश्चित है,
काई पै फ़िसलंगे पैर सुनिश्चित है,
गर्व कियौ रावण नें, लंका मैट दई,
करनी तौ भुगतैगौ खैर सुनिश्चित है,
धरी पाप की मूड़ गठरिया,होस में आ
नरक कुंड की वरना ,सैर सुनिश्चित है,
उर्मिला माधव,
12.9.2018
अति में ऑ ईश्वर में बैर सुनिश्चित है,
काई पै फ़िसलंगे पैर सुनिश्चित है,
गर्व कियौ रावण नें, लंका मैट दई,
करनी तौ भुगतैगौ खैर सुनिश्चित है,
धरी पाप की मूड़ गठरिया,होस में आ
नरक कुंड की वरना ,सैर सुनिश्चित है,
उर्मिला माधव,
12.9.2018
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